कोशिश करने वालों की कभी हार नहीं होती।

इन गाँवों में नहीं पहुंचा शिवराज का ‘विकास’, चुनाव का बहिष्कार करेंगे ग्रामीण

कांग्रेस नेता देवशरण चौबे ने कहा, 15 साल से मध्य प्रदेश में भाजपा का विकास यह भाजपा झूठ पर पैदा हुई है झूठ पर ही खत्म हो गई.

मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए हो रहे चुनाव प्रचार के दौरान भाजपा को जनता के ग़ुस्से का सामना करना पड़ रहा है. सूबे के कई क्षेत्रों में लोगों ने जनसमस्याओं को लेकर चुनाव बहिष्कार करने का ऐलान किया है.

ताज़ा मामले में दतिया ज़िले के बिल्हारी गाँव के लोगों ने भी मतदान नहीं करने का फ़ैसला लिया है. दैनिक भास्कर के मुताबिक़ ग्रामीणों ने बताया, ‘उनका गाँव करैरा विधान सभा क्षेत्र के अंतर्गत आता है. वे वोट तो करैरा के जनप्रतिनिधियों को देते हैं लेकिन अपनी समस्याओं के लिए उन्हें स्थानीय अधिकारीयों के पास जाना पड़ता है जहां उनकी समस्याओं की न तो सुनवाई होती है और न उनका निवारण. ऐसे में हमलोगों ने चुनाव बहिष्कार करने का फैसला लिया है.’

इससे पहले शाजापुर में भी गाँववालों ने नेताओं के ख़िलाफ़ बोर्ड लगाकर नारेबाज़ी की और कहा कि अगर उनकी समस्याओं का निवारण नहीं होगा तो वे चुनाव का बहिष्कार करेंगे.

नीमच ज़िले में भी सात अनाधिकृत कॉलोनियों के निवासियों ने अपने घरों के बाहर पोस्टर लगाए हैं और कहा है कि वे 28 नवंबर को होने वाले मतदान का बहिष्कार करेंगे. घरों के बाहर लगे इन पोस्टरों में लोगों ने लिखा है, “कृपया वोट की अपील कर हमें शर्मिंदा न करें। हम अवैध हैं तो हम वैध रूप से वोट कैसे दे सकते हैं? करीब 25 सालों से हम नरक की स्थिति में रह रहे हैं लेकिन किसी भी राज्य अधिकारी और प्राधिकारी ने कुछ नहीं किया.”

मामले को लेकर कांग्रेस नेता देवशरण चौबे ने ट्विटर पर कहा, “15 साल से मध्य प्रदेश में भाजपा का विकास यह भाजपा झूठ पर पैदा हुई है झूठ पर ही खत्म हो गई. इन का सबसे बड़ा झूठ प्रत्येक गांव में लाइट प्रत्येक गांव में सड़क पानी. गांव के लोग मतदान का बहिष्कार कर रहे हैं सारी मूलभूत सुविधाएं ना होने के कारण.”

You can also read NewsCentral24x7 in English.Click here
+