कोशिश करने वालों की कभी हार नहीं होती।

दिल्ली: उत्तर एमसीडी ब्वॉयज़ स्कूल ने धर्म के आधार पर बांट दी कक्षा

कक्षा 4 के एक छात्र ने कहा, मेरी कक्षा में कोई हिन्दू लड़के नहीं है। मेरा एक बहुत अच्छा दोस्त अब इस कक्षा में नहीं।

दिल्ली के वज़ीराबाद में स्थित उत्तर एमसीडी ब्वॉयज़ स्कूल के कुछ शिक्षकों ने विद्यालय के प्रधानाध्यापक पर आरोप लगाया कि वे छात्रों को अलग अलग सेक्शन में उनके धर्म के हिसाब से रख रहें हैं।

गौरतलब है कि 2 जुलाई को विद्यालय के प्रधानाध्यापक के तबादले के बाद सी बी सहरावत को स्कूल का इन-चार्ज बनाया गया। इंडियन एक्सप्रेस की ख़बर के मुताबिक़ सूत्रों के अनुसार छात्रों के सेक्शन का फेरबदल सहरावत के प्रभार संभालने के बाद ही शुरू हुआ।

सूत्रों ने कहा, “2 जुलाई को प्रधानाध्यापक के तबादले के बाद सहरावत को प्रभार दिया गया। उन्होंने विद्यालय के शिक्षकों से सलाह लिए बिना ही यह बदलाव करने शुरू कर दिए। जब कुछ शिक्षकों ने इस बारे में उनसे बात करने की कोशिश की तो उन्होंने कठोरता से कहा कि ये उनके मतलब का काम नहीं है और वे अपने दिए हुए कार्यों को करें।

कक्षा 4 के एक छात्र ने कहा, “मेरी कक्षा में कोई हिन्दू लड़के नहीं है। कुछ महीने पहले तक हमलोग सब साथ थे। मेरा एक बहुत अच्छा दोस्त अब इस कक्षा में नहीं।”

इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के अनुसार, अक्टूबर 9 तक, इस तरह से हर कक्षा को सेक्शन में बांटा गया है –

  • कक्षा IA: 36 हिन्दू, IB: 36 मुस्लिम
  • कक्षा IIB: 47 हिन्दू, IIB: 26 मुस्लिम और 15 हिन्दू, कक्षा IIC: 40 मुस्लिम
  • कक्षा IA: 36 हिन्दू, IB: 36 मुस्लिम
  • कक्षा IIA: 47 हिन्दू, IIB: 26 मुस्लिम और 15 हिन्दू, IIC: 40 मुस्लिम
  • कक्षा IIIA: 40 हिन्दू, IIIB: 23 हिन्दू और 11 मुस्लिम, IIIC: 40 मुस्लिम, IIID: 14 हिन्दू और 23 मुस्लिम
  • कक्षा IVA: 40 हिन्दू, IVB: 19 हिन्दू और 13 मुस्लिम, IVC: 35 मुस्लिम, IVD: 11 हिन्दू और 24 मुस्लिम
  • कक्षा VA: 45 हिन्दू, VB: 49 हिन्दू, VC: 39 मुस्लिम और 2 हिन्दू, VD: 47 मुस्लिम

सहरावत ने छात्रों का धर्म के आधार पर फेरबदल करने के आरोप को नकारते हुए कहा, “सेक्शन में छात्रों का फेरबदल एक मानक प्रक्रिया है जो कि हर विद्यालय में होता है। यह विद्यालय में शांति, अनुशासन और पढ़ने के लिए एक अच्छे वातावरण के लिए प्रबंधन द्वारा लिया गया निर्णय है। कई बार बच्चे लड़ते थे।

जब उनसे पुछा गया कि क्या छात्र धार्मिक मतभेद की वजह से लड़ते थे, तो उन्होंने कहा, “बिलकुल, इतने छोटे बच्चे धर्म के बारे में नहीं जानते इसलिए कई मामलों में झगडे करते हैं। कुछ बच्चे शाकाहारी हैं तो अंतर होगा ही। हमें सभी शिक्षकों और छात्रों के हितों का ध्यान रखना होगा।”

मिली जानकारी के मुताबिक़, करीब 20 दिन पहले, विद्यालय के कुछ शिक्षक सिविल लाइन्स में स्थित एमसीडी के ज़ोनल कार्यालय में इस मामले की शिकायत करने गए थे। लेकिन टारगेट होने के डर से अधिकारियों ने लिखित में कुछ भी नहीं लिया।

You can also read NewsCentral24x7 in English.Click here
+