कोशिश करने वालों की कभी हार नहीं होती।

पाकिस्तानी मंत्री ने एडिटेड वीडियो कश्मीर में हो रहे अत्याचार बताकर शेयर किया

ऑल्ट न्यूज़ की जांच.

पाकिस्तानी समुद्री मामलों के मंत्री सैयद अली हैदर ज़ैदी ने एक वीडियो ट्वीट किया, वीडियो के पहले भाग में पुलिस द्वारा लोगों को लाठियों से मारते हुए देखा जा सकता है। उन्होंने दावा किया है कि कश्मीर में भारतीय सरकार इस तरीके से लोगों पर अत्याचार कर कर रही है।

वीडियो के दूसरे हिस्से में दो महिलाएं हैं, एक महिला के हाथ में छोटा बच्चा है। इस वीडियो में एक महिला द्वारा यह भी कहा जा रहा है कि यह हिंसा पीएम मोदी के इशारे पर की गई थी, जिन्होंने ‘बेटी पढाओ बेटी बचाओ’ पहल शुरू की थी, लेकिन महिलाओं को उनके शासनकाल में पीटा जा रहा है।

इस वीडियो को कुछ अन्य पाकिस्तानी उपयोगकर्ताओं द्वारा भी साझा किया गया है।

एडिट किया हुआ वीडियो

यह वीडियो हाल में कश्मीर की स्थिति को नहीं दिखाता है, दरअसल यह वीडियो दो अलग-अलग घटना के वीडियो को जोड़कर बनाया गया है। वीडियो में पृष्टभूमि में सुनाई दे रही आवाज़ को अलग से डाला गया है।

पहला भाग

वीडियो का पहला हिस्सा दो साल पुराना है, जिसमें पुलिस कुछ लोगों और महिलाओं पर भी लाठीचार्ज कर रही है। हमने पाया कि इस वीडियो को यूट्यूब पर अगस्त 2017 में अपलोड किया गया है। विवरण के मुताबिक, वीडियो में पुलिस डेरा अनुयायियों की पिटाई कर रही है जो हरियाणा के पंचकुला में बलात्कार के दोषी गुरमीत राम रहीम का समर्थन कर रहे थे।

ऑल्ट न्यूज़ को इस घटना का एक अन्य वीडियो मिला, जिसे अलग एंगल से रिकॉर्ड किया गया था। इसेआउटलुक द्वारा अपलोड किया गया था। प्रसारित वीडियो में दिख रही गली को नीचे दिए गए वीडियो में 0:13 सेकंड पर देखा जा सकता है।

दोनों वीडियो में कई समानताएं है, जिसे नीचे कॉलाज में दिखाया गया है।

डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम को बलात्कार का दोषी ठहराए जाने के बाद उत्तर-भारत के कुछ हिस्सों में बड़े पैमाने पर दंगा और हिंसा भड़क गई थी। हरियाणा का पंचकूला में यह ज़्यादा देखने को मिला था। बलात्कार के दोषी के समर्थकों ने सार्वजनिक इमारतों को नुकसान पहुंचाने के लिए तोड़फोड़ की थी, जिसमें सरकारी इमारतों, वाहनों और पेट्रोल पंप को नुकसान पहुंचाया गया था। रिपोर्ट के मुताबिक, 36 लोगों की पुलिस द्वारा गोली चलाने पर मौत हुई थी और पंचकूला से सबसे ज्यादा लोगों को नुकसान पंहुचा था। पुलिस द्वारा समर्थको पर गोली चलाने को लेकर भी सवाल उठाये गए थे।

दूसरा भाग

वीडियो का दूसरा हिस्सा जिसमें महिलाओं को रोते हुए सुना जा सकता है, इसकी पड़ताल ऑल्ट न्यूज़ ने मई महीने में ही की थी, जब इस वीडियो को पाकिस्तानी सोशल मीडिया में मुस्लिम महिलाओं पर हिन्दुओं द्वारा अत्याचार करने के दावे से साझा किया गया था। वीडियो में कहा जा रहा है कि यह घटना यूपी के झांसी में हुई थी।

यह वीडियो ना झांसी की है और ना ही कश्मीर की।

यह वीडियो 2018 में तेलंगाना में हुई घटना की है, जिसमें एक सब-इस्पेक्टर द्वारा अपनी पत्नी और सास की पिटाई करते हुए वीडियो बनाया गया था। नीचे दिए गए वीडियो में 0:56 मिनट पर वायरल वीडियो में दिख रही महिला को देख सकते हैं।

इस प्रकार एक संपादित वीडियो क्लिप को पाकिस्तानी सोशल मीडिया पर प्रसारित किया गया, इसे साझा करने वालों में मंत्री भी शामिल है, जिन्होंने अनुच्छेद 370 को अप्रभावी करने के फैसले के बाद कश्मीर में हो रही क्रूरता को दिखाने का प्रयास किया था।

You can also read NewsCentral24x7 in English.Click here
+