कोशिश करने वालों की कभी हार नहीं होती।

सर्वोच्च न्यायालय का बड़ा फैसला- सिम और बैंक खाते के लिए ज़रूरी नहीं आधार, जानें कहां अनिवार्य और कहाँ नहीं

कोर्ट ने ये भी कहा है कि बच्चों के एडमिशन और नीट की परीक्षाओं में आधार अनिवार्य नहीं होगा।

सर्वोच्च न्यायालय ने आधार की वैधानिकता पर बड़ा फैसला दिया है। कोर्ट ने आधार एक्ट की धारा 57 को हटा दिया है। सर्वोच्च न्यायालय के इस फैसले के बाद अब आधार से जुड़ी कई चीजें स्पष्ट हो गई हैं।

सर्वोच्च न्यायालय ने अपने फैसले में कहा है की बैंक खातों को आधार से जोड़ना जरूरी नहीं होगा। इसके साथ ही बच्चों के दाखिले के लिए भी आधार अनिवार्य नहीं रहा। सीबीएसई और नीट और की परीक्षाओं में आधार की अनिवार्यता भी सर्वोच्च न्यायालय के फैसले के बाद खत्म हो गई है। इसके अलावा मोबाईल नंबर को भी आधार से जोड़ना अब ज़रूरी नहीं होगा।

वहीं आधार को पैन कार्ड बनाने के लिए अनिवार्य कर दिया गया है। आयकर रिटर्न दाखिल करने के लिए भी आधार को अनिवार्य माना गया है। सरकारी योजनाओं और सब्सिडी का लाभ लेने के लिए भी आधार को सर्वोच्च न्यायालय द्वारा अनिवार्य माना गया है।

फ़ैसले में सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि मौलिक अधिकारों पर बैन लग सकता है। अगर किसी व्यक्ति का डेटा किसी को दें तो उसे बताए। आधार प्राइवेसी में दखल तो है पर ज़रूरी है।

You can also read NewsCentral24x7 in English.Click here
+